तुम उर्दू की तरह खूबसूरत हो

By: Gaurav Vyas

तुम, तुम जो हो

बिल्कुल क़यामत हो, 

मेरे मासूम से दिल में बची

थोड़ी सी शराफत हो,

तुम इतराती हो जैसे गुल की तितली कोई

मगर तुम उतनी ही बे मुरव्वत हो, 

तुम करती हो जैसे koi जुल्म मुझपर

आशिक हज़ार की हसरत हो, 

तुम्हारी तारीफ कर सकूं इतना मुझे इल्म कहां

तुम तो उर्दू की तरह खूबसूरत हो...