जिंदगी का नाम रुक जाना नही ।
जिंदगी बहता दरीया है।जो कभी किसी के लिए या किसी की वजह से रुकती या थमती नही।
लाख मुश्किल आएगी तेरी राह मे ऐ मुसाफ़िर!
उनसे टकराकर तू मुङ जाना नही
दरिय के जैसे अपना रास्ता तू खुद बना
क्योकि जिंदगी का नाम रुक जाना नही।
बेशक तेरी उंगली पकङ कर तुझे चलना सिखाने वाला
तेरे साथ नही
तू चलना रुक जाना नही
अपना सहारा तू खुद बन
क्योकि जिंदगी का नाम रुक जाना नही।
घना अंधेरा हो तेरे सामने मगर तू डरना नही
थामले इन हाथो मे तू दीया
क्योंकि जिदंगी का नाम ही है रुक जाना नही।