Aantakavaad ka Majahab aur Islaam mein Kureetiyaan - ZorbaBooks
Terrorism

Aantakavaad ka Majahab aur Islaam mein Kureetiyaan

by Rahul Garg, राहुल गर्ग

219.00

Genre ,
ISBN 978-93-90011-34-6
Languages Hindi
Pages 212
Cover Paperback

Description

आंतकवाद का मजहब और इस्लाम में कुरीतियां

Terrorism आंतकवाद

सर्वप्रथम हमें अपने हिन्दू होने पर गर्व महसूस करना होगा कोई कुछ भी कहें हमे अपने सनातनी होने पर गर्व होना चाहिय। हमें संसार के समक्ष अपने धर्म की व्याख्या करते हुए कहना होगा कि एकमात्र सनातन ही धर्म हैं बाकि दनिु या में सब मजहब हैं। अपना सनातनी होने पर इसलिए गर्व करे कि वास्तव में असली धर्म तो हिन्दू ही है बाकी सब तो मजहब हैं I सनातन धर्म के महान होने के अनेक कारण हैं।
सनातन धर्म ही अकेला ऐसा धर्म हैं जो वासुदेव कुटुंबकम की शिक्षा देता हैं यह मंत्र महाउपनिशद के आंतकवाद Terrorism  का मजहब और इस्लाम में कुरीतियां सामवेद परंपरा से संबंधित हैं। इसका अर्थ यह हैं कि इस पृथ्वी पर निवास करने वाले सभी प्राणी एक परिवार हैं अन्य मजहबों में इस प्रकार के कोई मंत्र नहीं हैं इसलिए सनातन धर्म ही महान हैं।
साथ चलें मिलकर बोलें उसी सनातन मार्ग का अनु
सरण करें जिस पर पूर्वज चलें हैं।

हिन्दू बंधुओं ! जागो ! जागो ! जागो !
जो नहीं देखना चाहते हैं , अपनी पीठ के पीछे हुए कुकर्मों
जो देखकर भी अनदेखा करते हैं , लव – जिहाद जैसे दुष्कर्मों को
शायद आने वाली नस्ले हमे कभी माफ़ नहीं करेंग
कैसी संतानें जन्मी वे माताएँ कभी माफ़ नहीं करेगी

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